बलिया /शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए आरटीई (शिक्षा का अधिकार अधिनियम) के तहत निजी विद्यालयों में प्रवेश के लिए चयनित बच्चों के नामांकन में आनाकानी की शिकायतों को बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) मनीष कुमार सिंह ने गंभीरता से लिया है। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि चयनित बच्चों को प्रवेश न देने वाले स्कूलों के खिलाफ मान्यता प्रत्याहरण की कार्रवाई की जाएगी।
गौरतलब है कि सत्र 2026-27 में नर्सरी अथवा कक्षा एक में प्रवेश के लिए लॉटरी के माध्यम से लगभग 2249 बच्चों का चयन किया गया है। इन सभी बच्चों को निजी विद्यालयों में प्रवेश मिलना है।
हालांकि, शिकायतें मिल रही हैं कि अधिकांश निजी विद्यालय इन चयनित बच्चों का प्रवेश लेने में रुचि नहीं दिखा रहे हैं। यह अधिनियम का सीधा उल्लंघन है। इन बच्चों का चयन ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया के आधार पर किया गया है। बीएसए मनीष कुमार सिंह ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 में आरटीई के अंतर्गत लॉटरी में चयनित बच्चों के प्रवेश को लेकर सभी खंड शिक्षा अधिकारियों (बीईओ) को निर्देश जारी किए हैं।
उन्होंने कहा है कि सीट आवंटन के बाद भी निजी विद्यालयों में बच्चों का प्रवेश न लिए जाने की शिकायतें प्राप्त हो रही हैं। खंड शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे अपने शिक्षा क्षेत्र के अंतर्गत प्रथम, द्वितीय और तृतीय चरण में चयनित सभी बच्चों का संबंधित निजी विद्यालयों में शत-प्रतिशत प्रवेश सुनिश्चित करें। यह भी सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी पात्र बच्चा प्रवेश से वंचित न रहे।